रेलवे के कुछ नियम कानून---
रेलवे के कुछ नियम कानून---

1। यदि आप रेल यात्रा कर रहे हैं और आपको 400 किलोमीटर की यात्रा करना है आप 300 किलोमीटर की यात्रा करके रास्ते में रुक सकते हैं अपने टिकट के प्रति 200 किलोमीटर या किसी अंश पर 1 दिन का विश्राम लेकर पुनः उसी टिकट पर यात्रा कर सकते हैं।
2। बिना रसीद लिए रेल कर्मचारी अनुसूचित तरीके से रकम नहीं ले सकता।
3। ₹30 से कम की रेलवे बिल्टी नहीं बनती।
4। रेलवे से भेजें किसी माल के पहुंचने की सूचना आपको नहीं मिलती अथवा आपका भेजा हुआ सामान नहीं पहुंचता तो बिल्टी भेजने की तारीख से 6 महीने के अंतर रजिस्टर्ड डाक से जनरल मैनेजर को शिकायत पत्र भेजें।
5। रेल यात्रा करते समय 35 किलोग्राम सामान आप बिना रेल भाड़ा के अपने साथ ले जा सकते हैं।


उत्तराधिकार कानून--

कुछ समय पहले मां-बाप के संपूर्ण चल एवं अचल संपत्ति का वारिस पुत्र को समझा जाता था पुत्रियों को यह अधिकार नहीं प्राप्त था किंतु भारतीय सरकार ने कानून में संशोधन करके पुत्र पुत्री के भेद को समाप्त करने का कानून लागू किया।
    मैं कानून के अनुसार-
    लड़कियां तथा विधवा स्त्रियों को मां बाप की संपत्ति में बराबर का हिस्सा होगा विधवा स्त्री अपने पति के हिस्से की पूर्ण स्वामिनी होगी।
    इस तरह सरकार ने स्त्रियों के सीमित अधिकार सीमा को समाप्त करके पूर्ण अधिकार प्राप्त न्याय संगत कार्य किया।


कुर्की कानून--

मैं कानून के अनुसार जिन व्यक्तियों के पास थोड़ी भूमि है और उस व्यक्ति ने किसी साहूकार से कर्ज लिया है तो उसे सरकार मैं माफ कर दिया कर्ज स्वरूप कि यदि राशि में साहूकार ₹1 से अधिक मासिक साकड़ा से अधिक ब्याज वह नहीं ले सकता यदि कर्जदार समय अनुसार रुपयों की वापसी कर पाने में सक्षम नहीं है तो साहूकार अदालत से कुर्की का आदेश प्राप्त कर सकता है कुर्की के दौरान कर्जदार के बर्तन पहनने वाले कपड़े बिस्तर पशु आदि जप्त किए जा सकते हैं यदि जाब्ता की धारा 24 अथवा 26 के अनुसार डिग्री ₹250 से अधिक है तो कर्जदार को डेढ़ माह तक कारावास का दंड किया जा सकता है अतः कर्जदार को यह उचित है कि समय अनुसार कर्ज का भुगतान करें।


वृद्धावस्था पेंशन योजना--

दिसंबर 1975 से यह कानून लागू हुआ इस नए कानून के अनुसार जिन व्यक्तियों की आयु 60 वर्ष से अधिक हो चुकी है तथा जो औरतें विधवा हो चुके और वह व्यक्ति जो शारीरिक रूप से संपन्न हैं अथवा विकलांग श्रेणी में आने वाले व्यक्तियों को इस पेंशन योजना का लाभ मिलेगा औरतों की न्यूनतम आयु सीमा 50 वर्ष तथा पुरुषों की न्यूनतम आयु 54 वर्ष होना अनिवार्य है तथा जिसका संबंध पुत्र पति मैं ऐसे किसी से ना हो ऐसे व्यक्तियों को ₹100 महाबार वृद्धा पेंशन मिलेगी।


बच्चा गोद लेना--
सरकार के 20 सूत्रीय कार्यक्रम--

भारतीय संविधान के अनुसार जो व्यक्ति है संतान हीन है वह अपने निकटतम संबंधी या किसी भी व्यक्ति के बच्चे को गोद ले सकता है बच्चा गोद लेने के लिए निम्नलिखित शर्तों का पूरा करना होगा-
1। गोद लेने वाले और गोद देने वाले व्यक्ति पूर्ण रूप से सहमत हो।
2। गोद लेने वाला व्यक्ति उस बच्चे को गोद लेने का अधिकार रखता हो।
3। गोद लेने वाला व्यक्ति और उसकी पत्नी बच्चे को गोद लेने के लिए राजी हो।



सरकार के 20 सूत्रीय कार्यक्रम--

1। देश की एकता एवं अखंडता के विरोध सिर उठाने वाली ताकतों का दमन कर दिया जाएगा।
2। कक्षा 1 से लेकर 11 तक की बालिकाओं के लिए निशुल्क शिक्षा सुविधाएं जिससे शिक्षित राष्ट्र का निर्माण हो।
3। ऐसे छात्र जो अपने स्कूल में प्रथम स्थान प्राप्त करते हैं या मैट्रिक्स लिस्ट में आते हैं उनके लिए नेशनल स्कॉलरशिप उपलब्ध है।
4। विदेशों में उच्च शिक्षा प्राप्त करने हेतु जाने वाले छात्रों को सुविधाएं प्रदान करना।
5। गरीबी के खिलाफ संघर्ष।
6। सिंचाई हेतु नलकूप आदि की व्यवस्था।
7। उन्नत कृषि एवं अधिक उत्पादन का उद्देश्य।
8। बंजर एवं उस भूमि के सुधार हेतु विशेष कार्यक्रम।
9। पीने हेतु साफ एवं शुद्ध जल की व्यवस्था कराना।
10। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति की अन्य है तू विशेष कानून की व्यवस्था।
11। महिलाओं को सामान्य ताकि अधिकार प्रदान करना।
12। स्वास्थ्य केंद्र की निर्माण।
13। छोटा परिवार सुखी परिवार का उद्देश्य अर्थात बच्चे दो ही अच्छे।
14। नौजवान पीढ़ी के लिए रोजगार के अवसर प्रदान करना।
15। तंग बसीयातो के सुधार की योजना।
16। 56 बीघा जमीन वाले कृषकों का एक एवं लगान माफ।
17। जमीन जिसने गिरवी रखी है 5 वर्ष बाद बिना पैसा दिए वापसी का निर्देश।
18। वनों का विस्तार एवं पर्यावरण की रक्षा।
19। गांव के लिए कर्जा स्रोत।
20। स्वरोजगार योजना।